4/23/2026

UP Board Result 2026:लड़कियों का दबदबा कायम, X पे CM योगी आदित्यनाथ बोले– सफलता अनुशासन और दृढ़ संकल्प का प्रतीक


 
UP Board Result 2026: यूपी बोर्ड 10वीं का रिजल्ट जारी हो गया है, जिसमें सीतापुर की कशिश वर्मा और बाराबंकी की अंशिका वर्मा ने 97.83% अंकों के साथ टॉप किया है। दूसरे स्थान पर बाराबंकी की अदिति रहीं, जिन्होंने 97.50% अंक प्राप्त किए। तीसरे स्थान पर 97.33% अंक के साथ सीतापुर की अर्पिता, झांसी के ऋषभ साहू और बाराबंकी की परी वर्मा हैं। इस बार टॉप-3 में कुल 6 छात्र-छात्राएं हैं, जिनमें से 5 लड़कियां हैं, जो इस साल की परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करने वाली हैं।

*12वीं की परीक्षा में टॉप*

इंटरमीडिएट (12वीं) कक्षा की परीक्षा में सीतापुर की शिखा वर्मा ने 97.60% अंक प्राप्त कर प्रदेश में टॉप किया है। यह शिखा के लिए एक बड़ी उपलब्धि है, और उनके परिवार एवं विद्यालय के लिए गर्व का क्षण है। टॉपरों की सूची में अन्य छात्रों के नाम और उनके अंकों का विवरण जल्द ही आधिकारिक वेबसाइटों पर उपलब्ध कराया जाएगा।

*मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की शुभकामनाएं*

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने टॉपर्स और सभी सफल छात्रों को बधाई दी है। उन्होंने एक्स पर लिखा, "उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले सभी विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों और शिक्षकों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। यह सफलता आपके अथक परिश्रम, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है।" उन्होंने आगे कहा कि "आप सभी विद्यार्थी भविष्य में भी इसी लगन, आत्मविश्वास और सकारात्मक ऊर्जा के साथ सफलता के नए आयाम स्थापित करें, माँ सरस्वती से यही प्रार्थना है।"

*शिक्षा मंत्री गुलाब देवी का बयान*

उत्तर प्रदेश सरकार में माध्यमिक शिक्षा मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने भी टॉपर्स और सफल छात्रों को बधाई दी। उन्होंने कहा, "मुख्यमंत्री के नेतृत्व में नकलविहीन परीक्षा हुई है। तनाव मुक्त परीक्षा हुई है। बच्चों ने बहुत अच्छे तरीके से पेपर दिया है। मैं मुख्यमंत्री का अभिनंदन करती हूं कि इतना अच्छा परिणाम आया है। मैं उन अभिभावकों का भी अभिनंदन करती हूं जिन्होंने अपने बच्चों को परीक्षा की तैयारी में सहयोग किया।"

*कुल 52 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं ने लिया हिस्सा*

इस वर्ष यूपी बोर्ड की परीक्षाओं में कुल 52 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया था। रिजल्ट में यह भी दिखाया गया कि इस बार पिछले साल के मुकाबले रिजल्ट घोषित करने में दो दिन की जल्दी की गई। परीक्षा में छात्रों का प्रदर्शन बहुत अच्छा रहा और इस बार विशेष रूप से लड़कियों ने टॉप किया है।b

यूपी बोर्ड परीक्षा :- वाराणसी के सूर्यदीप दीप अव्वल, तो दूसरे स्थान पर मानसी-अंशिका ने मारी बाजी


वाराणसी: यूपी बोर्ड हाईस्कूल परीक्षा का परिणाम गुरुवार को घोषित हो गया. जिले के मेधावियों ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया. इस वर्ष टाप-10 सूची में अंकों का अंतर बेहद कम रहा, जिससे छात्रों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली. जनपद में सूर्यदीप प्रजापति ने सर्वाधिक अंक प्राप्त कर पहला स्थान हासिल किया. वहीं मानसी यादव व अंशिका यादव 576/600 (96.00 प्रतिशत) अंक के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहीं. शिवम कुमार ने 575/600 (95.830 प्रतिशत) अंक पाकर तीसरा स्थान प्राप्त किया.

चौथे स्थान पर आराध्या बरनवाल (572/600, 95.33 प्रतिशत) रहीं. अमन मौर्य (571/600, 95.17 प्रतिशत) पांचवें स्थान पर रहे. आंचल पटेल (570/600, 95.00 प्रतिशत) छठे और प्रियांशु यादव, प्रिंस, आर्टी विश्वकर्मा 569/600 (94.83 प्रतिशत) सातवें स्थान पर रहे.

आठवें स्थान पर अमृता शर्मा, रुद्रांश त्रिपाठी, विजयलक्ष्मी यादव 568/600 (94.67 प्रतिशत) ने अंक के साथ संयुक्त रूप से जगह बनाई और श्रेयांशी पांडेय, दिव्या सिंह, शालिनी सिंह 567 अंक व 94.50 प्रतिशत के साथ नौवें स्थान पर रहीं.

दसवें स्थान पर कड़ा मुकाबला देखने को मिला, जहां तनिष्क वर्मा, इशिता सिंह, सत्यम सिंह, दीक्षा पाल, राजनंदनी और हिमांशु यादव ने 566 अंकों (94.33 ) के साथ संयुक्त रूप से स्थान बनाया. परिणाम घोषित होते ही छात्रों के घरों में खुशी का माहौल रहा. सफल छात्र-छात्राओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जश्न मनाया, वहीं अभिभावकों ने भी बच्चों की सफलता पर गर्व जताया.

रोजा अफ्तार पार्टी में गंगा में बिरयानी अवशेष फेंकने के मामला, 27 अप्रैल को इलाहाबाद हाई कोर्ट करेगा सुनवाई


प्रयागराज। वाराणसी में रमजान के महीने में नाव पर इफ्तार करने व बिरयानी के अवशेष गंगा में फेंकने के मामले में 27 अप्रैल को सुनवाई होगी।

इस मामले की बुधवार को न्यायमूर्ति विवेक वर्मा की एकल पीठ ने सुनवाई की। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सुनवाई के लिए 27 अप्रैल की तारीख तय की है।

मामले के अनुसार वाराणसी निवासी मो. आजाद अली, निहाल अफरीदी, मो. तहसीम, मोहम्मद तौशीफ, अनस व अन्य के खिलाफ धार्मिक भावना भड़काने सहित अन्य आरोपों में प्राथमिकी दर्ज है। ट्रायल कोर्ट से जमानत अर्जी खारिज होने के बाद आरोपियों ने हाई कोर्ट में जमानत के लिए अर्जी दायर की है।

काशी में गर्मी से राहत, शहर के चौराहों और घाटों को मिलेगी 'ग्रीन शेड' की छाया


वाराणसी : अप्रैल के महीने में ही सूरज की तपिश और लू (हीट वेव) के बढ़ते असर ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है. राहगीरों और वाहन चालकों को चिलचिलाती धूप से बचाने के लिए नगर निगम ने एक अनूठी पहल की है. शहर के प्रमुख चौराहों और गंगा घाटों पर अब 'हरा पर्दा' (ग्रीन शेड) लगाया जा रहा है, जिससे तीखी धूप सीधे राहगीरों तक न पहुंच सके.

निगम की इस मुहिम की शुरुआत रथयात्रा चौराहे से की है. मुख्य अभियंता आरके सिंह ने बताया कि शहर के व्यस्त चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल पर रुकने वाले लोगों को गर्मी से बेहाल होना पड़ता है. इसे देखते हुए लहुराबीर, मलदहिया (पटेल जी की मूर्ति के पास) और दशाश्वमेध जैसे प्रमुख चौराहों के साथ-साथ गंगा घाटों पर भी ग्रीन शेड लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. यह हरा पर्दा न केवल छाया प्रदान करेगा, बल्कि लू के थपेड़ों से भी सुरक्षा कवच की तरह काम करेगा.

नगर निगम की ओर से शहर के अलग-अलग इलाकों में 17 स्थानों पर आधुनिक वाटर कूलर और 22 स्थानों पर प्याऊ की व्यवस्था की गई है, जिससे भीषण गर्मी में राहगीरों को ठंडा पानी आसानी से मिल सके. प्रशासन की इस पहल से आम लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है.

"भीषण गर्मी को देखते हुए नगर निगम पूरी तरह सतर्क है. हमारा मुख्य उद्देश्य यह है कि भीषण दोपहर में सड़कों पर निकलने वाले हर राहगीर को धूप और लू से सुरक्षा मिले. ग्रीन शेड लगाना उसी दिशा में एक प्रभावी कदम है ताकि शहर के प्रमुख स्थलों पर पर्याप्त छाया रहे और राहगीरों को न्यूनतम असुविधा हो. -अशोक कुमार तिवारी, महापौर

बनारस में जैसलमेर से 3.5 डिग्री गर्म रही काशी: थार के रेगिस्तान से भी ज्यादा तप रहा गंगा का मैदान, देश का 12वां गर्म रहा बनारस शहर


गंगा का मैदान थार के रेगिस्तान से भी ज्यादा तप रहा है। प्रयाग और काशी का तापमान मरुस्थल वाले शहर जैसलमेर, बीकानेर, बाड़मेर और जोधपुर से भी 3 से 4 डिग्री तक ज्यादा है। जैसलमेर के मुकाबले काशी का पारा 3.5 डिग्री ऊपर है।

बुधवार को प्रयागराज का तापमान 43.7 डिग्री और वाराणसी शहर का अधिकतम तापमान सामान्य से 3.4 डिग्री अधिक 43.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि उसी दिन बीकानेर में 41.5 डिग्री, जैसलमेर में 39.5 डिग्री, बाड़मेर में 40 डिग्री और जोधपुर में 39.3 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

वहीं, काशी में लू की गति 26 किलोमीटर प्रति घंटे रही, जबकि जैसलमेर और जोधपुर में महज करीब 11 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चली। हैरानी की बात इसलिए है क्योंकि दिन में रेत, मिट्टी के मुकाबले ज्यादा तेजी से गर्म होती है। रेत सूखी होती है, जबकि मैदानी मिट्टी में नमी होने के कारण सूर्य का ताप अपेक्षाकृत धीमे-धीमे अवशोषित होता है। यह स्थिति बीते चार-पांच दिनों से देखी जा रही है। बुधवार को वाराणसी देश का 12वां और प्रयागराज चौथा सबसे गर्म शहर रहा।

मौसम की इस उलट स्थिति को लेकर बीएचयू के मौसम वैज्ञानिक प्रोफेसर मनोज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि कभी-कभी ऐसी मौसमी परिस्थितियां बन जाती हैं। अप्रैल से लेकर जून तक राजस्थान के मरुस्थल देश के सबसे गर्म इलाके होते हैं, लेकिन इस बार पूर्वी यूपी में ऐसा देखने को मिल रहा है। प्रो. श्रीवास्तव ने बताया कि पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बॉर्डर पर बारिश हो रही है। 

*काशी का न्यूनतम तापमान भी जैसलमेर से 1 डिग्री ऊपर :* बुधवार को वाराणसी का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो जैसलमेर से करीब एक डिग्री अधिक रहा। काशी की हवा में नमी 15 से 30 फीसदी के बीच दर्ज की गई, जबकि जैसलमेर में यह 13 से 49 फीसदी तक रही, जिसमें ज्यादातर समय अधिक नमी रही। यूपी आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार वाराणसी में 23 से 26 अप्रैल तक लू का येलो अलर्ट है। वहीं भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक जैसलमेर में 25 और 26 अप्रैल को लू चलने का पूर्वानुमान है।

*अस्पताल में लू से पीड़ित पहला मरीज भर्ती*

जिले में गर्मी अपना रौद्र रूप दिखाने लगी है। इसी बीच, बुधवार को लू से पीड़ित पहले मरीज को जिला अस्पताल में भर्ती किया गया है, जबकि डायरिया का भी एक गंभीर मामला सामने आया है। लोहामंडी, मलदहिया निवासी गुड्डू (50) तेज बुखार की शिकायत के बाद जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर लाए गए। 

जांच में उनका तापमान 104 डिग्री पाया गया। चिकित्सकों ने तत्काल उपचार शुरू कर उन्हें हीट वेव वार्ड में भर्ती कर लिया। वहीं दूसरी ओर नक्खीघाट क्षेत्र से ढाई वर्ष का मासूम कान्हा डायरिया की शिकायत के साथ अस्पताल पहुंचा। अस्पताल के सीएमएस डॉ. आरएस राम ने बताया कि अस्पताल में आने वाले सभी मरीजों के इलाज की व्यवस्था की गई है। 

*शहर के चौराहों और घाटों को ग्रीन शेड की छाया*

राहगीरों और वाहन चालकों को चिलचिलाती धूप से बचाने के लिए नगर निगम ने एक अनूठी पहल की है। शहर के प्रमुख चौराहों और गंगा घाटों पर अब हरा पर्दा (ग्रीन शेड) लगाया जा रहा है, जिससे तीखी धूप सीधे राहगीरों तक न पहुंच सके। निगम की इस मुहिम की शुरुआत रथयात्रा चौराहे से की गई है।